
कौशाम्बी संदेश संवाददाता
कौशांबी। सैनी चौराहे और आसपास की सड़कों पर बालू लदे ओवरलोड ट्रकों का आतंक थम नहीं रहा। दिन में ही क्षमता से दोगुने बालू लादकर ट्रक बेखौफ दौड़ रहे हैं। ओवरलोडिंग के कारण सड़कें टूट रही हैं और हादसों का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
स्थानीय लोगों और वाहन चालकों में रोष है। रोज सैकड़ों बाइक, कार और पैदल राहगीर इन ओवरलोड ट्रकों के बीच से जान जोखिम में डालकर गुजरने को मजबूर हैं।
सैनी चौराहा कौशांबी-प्रयागराज और कौशांबी-फतेहपुर मार्ग का प्रमुख जंक्शन है। यहां से गुजरने वाले बालू ट्रक नियम-कायदे ताक पर रखकर चल रहे हैं।
1. *ओवरलोडिंग*: ट्रकों में क्षमता से 2 गुना बालू लादा जा रहा है। ट्रक के टायर दबकर बैठ जा रहे हैं।
2. *दिन में दौड़*: रात की चेकिंग से बचने के लिए अब दिन में ही ट्रक निकल रहे हैं।
3. *तेज रफ्तार*: ब्रेक फेल का खतरा होने के बाद भी तेज गति से दौड़ रहे हैं।
4. *सड़क क्षति*: रोजाना सैकड़ों टन वजन से सैनी-धूमनगंज रोड, सैनी-कौशांबी रोड जगह-जगह से धंस गई है।
एक बाइक सवार ने बताया: “ट्रक इतने भारी होते हैं कि साइड देने पर हमारी बाइक हिल जाती है। कई बार तो बालू उड़कर आंख में चला जाता है”।
पिछले 1 महीने में सैनी क्षेत्र में 3 छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं। ओवरलोड ट्रक का टायर फटने से बाइक सवार घायल हुआ। ब्रेक फेल होने से ट्रक दुकान में घुस गया।
स्थानीय व्यापारी बोले: “प्रशासन मूकदर्शक बना है। चौराहे पर खड़े ट्रक देखकर लगता है कोई बड़ी दुर्घटना का इंतजार हो रहा है”।
ग्रामीणों और व्यापारियों ने DM कौशांबी और SP कौशांबी से मांग की है:
1. सैनी चौराहे पर स्थाई वेटिंग मशीन लगाई जाए
2. दिन में ओवरलोड ट्रकों के प्रवेश पर रोक लगे
3. औचक चेकिंग अभियान चलाकर दोषी ट्रक मालिकों पर FIR दर्ज हो
4. बालू माफिया और परिवहन विभाग की मिलीभगत की जांच हो