*वंदना हास्पिटल में मनाई गई भव्य कृष्ण जन्माष्टमी, एकदिवसीय रामकथा का हुआ
कौशाम्बी संदेश आर्या शुक्ला जिला कार्यालय
*आयोजन* सोलह कला संपन्न भगवान श्रीकृष्ण के प्राकट्य महोत्सव की अनंत शुभकामनाएं आपसबको…
प्राकट्य महोत्सव मनाना अच्छी बात है परंतु सबसे महत्वपूर्ण है उनके चरित्र से यह सीखना कि धर्म की स्थापना एवं अधर्म के समूल नाश के लिए चाहे कोई भी नीति अपनानी पड़े परंतु अधर्म के समूल नाश के बिना धर्म स्थापित नही हो सक्ता
इसलिए संगठित होकर समाज साथ आये ऒर अपने अस्तित्व को बचाने के लिए जातिगत विविधता को समाप्त कर सब हिन्दू एक हो जायें, चाहे उन्होंने कोई भी आवरण क्यों न धारण कर रखा हो…
क्योंकि आपके लिए कोई ऒर देश न बना है न शरण देगा…
वीर ही वसुंधरा को भोगता है, चूहे तो मार दिए जाते हैं।
हिंदू है तो हिंदुस्तान सेक्युलर है। जिस दिन आप हिन्दू की अपेक्षा जातिगत परिचय में बंटोगो तो समझ लेना कि निश्चित मिटोगे।
